जब बाबूलाल गौर ने पूरी की थी अटल बिहारी वाजपेयी की यह इच्छा
मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता बाबूलाल गौर का निधन हो गया. उन्होंने बुधवार सुबह भोपाल के नर्मदा अस्पताल में अंतिम सांस ली. 89 वर्षीय बाबूलाल गौर की मंगलवार को तबीयत ज्यादा बिगड़ गई
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दिशा-निर्देश
बीजेपी के वेटरन लीडर और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर एक ऐसी अज़ीम शख़्सियत थे जो हर दिल अज़ीज़ थे. उनकी राजनीतिक यात्रा सफल और लंबी रही. बाबूलाल गौर अपनी खुशमिजाज़ी और बेबाकी के लिए जाने जाते थे. वह ऐसे नेता थे जो पार्टी लाइन से ऊपर उठकर हर मुद्दे पर अपनी राय बेबाकी से रखते थे. बाबूलाल गौर के नाम भोपाल की गोविंदपुरा सीट से लगातार 10 बार विधायक बनने का रिकॉर्ड है.
अपनी बेबाकी के साथ ही गौर खान-पान के भी शौकीन थे. वो चाहें मिठाइयां हो या फिर मध्यप्रदेश और यूपी के खास पकवान. सबका लुत्फ लेते थे बाबूलाल गौर. बाबूलाल गौर से एक जुड़ा एक किस्सा जी से भी जुड़ा है. पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी एक जब उज्जैन गए थे तो उन्होंने बाबूलाल गौर से गोपाल मंदिर के पास मिलने वाली फेमस ठंडाई पीने की इच्छा जताई थी.
ठंडई से दोनों का लगाव जगजाहिर है. बाबूलाल गौर ने दोनों के शौक को कई बार मीडिया से साझा किया था. उन्होंने बताया था कि जब वे (बाबूलाल गौर) मध्यप्रदेश में नेता प्रतिपक्ष थे तो इंदौर से उज्जैन कार से अटल जी के साथ गए थे. उज्जैन में अटल जी कहने लगे, 'गोपाल मंदिर ले चलो. जब मैं उन्हें कार से ले जाने लगा तो कहने लगे तांगे में ले चलो. तांगे में कोई देख न पाए.' वहां पहुंचने पर उन्होंने तीन गिलास भांग मंगाई. दो गिलास खुद पी और एक गिलास मुझे दी.'
Photo: IndiaToday Archive/Pankaj Tiwari
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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
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