हरियाणा के सिरसा स्थित डेरा सच्चा सौदा का आश्रम किसी किले से कम नहीं है.
यहां आने वाले हजारों अनुयायियों के लिए रोजाना लंगर रखा जाता है. जिसमें,
दाल रोटी, सब्जी परोसी जाती है. साथ में चाय और बिस्किट भी सुबह और शाम को
बंटती है. बिस्किट से लेकर लंगर बनाने का काम बाबा राम रहीम सिंह इंसा के
भक्त ही करते हैं.
विधि
हरियाणा के सिरसा स्थित डेरा सच्चा सौदा का आश्रम किसी किले से कम नहीं है. यहां आने वाले हजारों अनुयायियों के लिए रोजाना लंगर रखा जाता है. जिसमें, दाल रोटी, सब्जी परोसी जाती है. साथ में चाय और बिस्किट भी सुबह और शाम को बंटती है. बिस्किट से लेकर लंगर बनाने का काम बाबा राम रहीम सिंह इंसा के भक्त ही करते हैं. इतना ही नहीं डेरा के आश्रम में शानदार सुईटस, स्विमिंग पूल और रिवॉल्विंग रेस्टोरेंट भी हैं. जो बिल्कुल मुंबई के एंबेसेडर होटल की तरह है. इसके अलावा आश्रम में खुद के दो पेट्रोल पंप हैं. जानिए और क्या है राम रहीम का काम.

बाबा रामदेव की तरह ही बाबा गुरमीत राम रहीम सिंह इंसा की भी एफएमसीजी प्रोडक्ट्स की फैक्ट्री है, जहां एमएसजी नाम से दवाइयां और अन्य उत्पाद बनते हैं. फैक्ट्री में खाने-पीने से लेकर हर वो सामान बनता है जिनकी डेली रूटीन में लोगों को जरूरत होती है. 15 कनाल जमीन में सब्जियां और अनाज उगाया जाता है. इस काम को सेवादार करते हैं. आश्रम में सब कुछ उगता है. दाल-चावल से लेकर आलू-टमाटर तक. इसी से बाबा की एफएमसीजी प्रोडक्ट्स का कारोबार भी चलता है. देशभर में 150 से ज्यादा जगहों पर बाबा के इन सामानों की बिक्री होती है.
बाबा राम रहीम अपनी लाइफ स्टाइल को लेकर जितनी चर्चा में रहते हैं उतना ही उनके अनुयायी उन्हें चमत्कारिक मानते हैं. भक्तों का दावा है कि बाबा लाइलाज बीमारी को भी ठीक कर देते हैं. उनका यह भी कहना कि बाबा बिना तेल के पानी में पकौड़े और करेले की सब्जी बना लेते हैं.
डेरे से जुड़ी हर चीज का नाम सच शब्द से शुरू होता है. फिर चाहे उनकी कोई मासिक पत्रिका हो या और कुछ. डेरा प्रमुख के 2 आश्रम सिरसा में, जो सैकड़ों एकड़ में बने हैं. ट्रस्ट का एक मार्केट भी है, जिसमें प्रत्येक दुकान का नाम ‘सच’ से शुरू होता है. जैसे सच हार्डवेयर, सच मेडिकल स्टोर एवं सच पेट्रोल पंप, यहां स्कूल, रेस्तरां, अनाथ लड़कियों के लिए शेल्टर, तीन अस्पताल और होटल भी हैं.
बाबा के डेरे में आने वाले मरीजों के लिए स्पेशल डाइट चार्ट भी हैं. जिसमें पूरा फोकस वेज फूड पर दिया जाता है. मरीजों के लिए अंडा और मांस खाने की सख्त मनाही होती है. इसके पीछे तर्क है कि वेजिटेरियन फूड में वो सब कुछ मिलता है जो एक इंसान को फिट रखने के लिए जरूरी है. डेरे समर्थक कहते भी हैं कि बाबा ने हमारी शराब, मांस और कई बुरी आदतें छुड़वाई हैं वह हमारे लिए पितातुल्य हैं.
मोटापा से परेशान डेरे में आने वाले अनुयायियों/लोगों के लिए सात दिनों का स्पेशल डाइट चार्ट भी डेरा सच्चा सौदा की साइट पर बताया गया है. जिसमें मरीज को पहले दिन तरबूज, खरबूज या फिर संतरे. सेब, अमरूद मौसमी फल और अनार शामिल होता है.
इतना ही नहीं बच्चों के लिए मेमोरी बढ़ाने की टॉनिक बाबा बनाते हैं. जिसमें 50 ग्राम मक्खन, 2 खजूर, 2-3 छोटी इलायची, 10-15 बादाम और 1 ग्राम तवासीर का मिश्रण शामिल है. जबकि बच्चों के लिए 25-30 ग्राम मक्खन, 1 खजूर, 1-2 छोटी इलायची, 10-12 बादाम और आधा ग्राम तवासीर का मिश्रण बच्चों को देने से उनकी याददाश्त बढ़ सकती है.