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    सकट चतुर्थी पर ऐसे करें गणपति पूजन, लगाएं ये भोग

    इस साल 2020 में सकट चतुर्थी 13 जनवरी यानी आज है. संतान की लंबी आयु के लिए यह व्रत रखा जाता है. सकट चौथ का व्रत विशेष तौर पर संतान की दीर्घायु और सुखद भविष्य की कामना के लिए रखा जाता है.
    सकट चतुर्थी को 'तिलकुटा चौथ' के नाम से भी जाना जाता है. महाराष्ट्र में इसे 'संकष्टी चतुर्थी' के नाम से जाना जाता है. संकष्टी चतुर्थी का व्रत वैसे तो हर महीने होता है लेकिन माघ महीने में पड़ने वाली संकष्टी चतुर्थी की महिमा सबसे ज्यादा है.

    आइए जानते हैं कि इस दिन गणेश जी को लगाया जाता है किन-किन चीजों का भोग:

    - गणेश जी का पसंदीदा प्रसाद है लड्डू. इस दिन प्रसाद में तिल और गुड़ के बने लड्डु रखे जाते हैं.
    - तिल, गुड़ और ड्राई फ्रूट्स से बने पांच लड्डू ग्णेश जी को अर्पित किए जाते हैं.
    - फलों में शकरकंद और अमरूद भी रखा जाता है.
    - इस दिन गुड़ की चाशनी में तिल मिलाकर तिलकूट का पहाड़ बनाया जाता है.
    - व्रत का समापन भी तिल की बनी मिठाई खाकर ही किया जाता है.
    - कई घरों में खाने में खीर जरूर बनाई जाती है.
    - मान्यताओं के अनुसार कई जगह तिल का बकरा भी बनाया जाता है जिसे घर के बेटे से कटवाया जाया है. कहते हैं कि ऐसा करने से बच्चे का कल्याण होता है.
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